कई आँखों में रहती है कई बांहें बदलती है
मुहब्बत भी सियासत की तरह राहें बदलती है
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मैंने अपनी ख्वाहिशो को दिवार में चुनवा दिया,
खामखाँ जिंदगी में अनारकली बनके नाच रही थी
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प्यार करके जताए ये जरुरी तो नहीं;
याद करके कोई बताए ये जरुरी तो नहीं;
रोने वाले तो दिल में ही रो लेते है;
आँखों में आंसू आए ये जरुरी तो नहीं।
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#आ जाओ कुछ पल #ज़िक्र करें उन #दिनों का..
जब तुम #हमारे और हम #तुम्हारे हुआ करते थे..!!!
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पहले नहीँ पर अब
सोचने लगे हैँ हम..
जिँदगी के हर लम्हेँ मेँ
तेरी जरुरत सी क्योँ लगती है.!!
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तमाम शहर से मैं जंग जीत सकता हूं ,
.
मगर मैं तुमसे बिछड़ते ही हार जाऊंगा .
मुहब्बत भी सियासत की तरह राहें बदलती है
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मैंने अपनी ख्वाहिशो को दिवार में चुनवा दिया,
खामखाँ जिंदगी में अनारकली बनके नाच रही थी
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प्यार करके जताए ये जरुरी तो नहीं;
याद करके कोई बताए ये जरुरी तो नहीं;
रोने वाले तो दिल में ही रो लेते है;
आँखों में आंसू आए ये जरुरी तो नहीं।
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#आ जाओ कुछ पल #ज़िक्र करें उन #दिनों का..
जब तुम #हमारे और हम #तुम्हारे हुआ करते थे..!!!
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पहले नहीँ पर अब
सोचने लगे हैँ हम..
जिँदगी के हर लम्हेँ मेँ
तेरी जरुरत सी क्योँ लगती है.!!
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तमाम शहर से मैं जंग जीत सकता हूं ,
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मगर मैं तुमसे बिछड़ते ही हार जाऊंगा .
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